
31 अगस्त तक नीलाम पत्र वाद दायर भट्टे ही होंगे योजना के तहत शामिल।

बेतिया ,पश्चिमी चंपारण_ ईंट-भट्ठा संचालकों को बकाया राशि के निपटारे में राज्य सरकार ने बड़ी राहत दी है। सरकार ने वन टाइम सेटलमेंट योजना लागू करते हुए बकाया राशि पर लगे व्याज को माफ करने का निर्णय लिया है। उक्त बातें केशव कुमार पासवान ,जिला खनिज विकास पदाधिकारी अपने कार्यालय कक्ष में चिमनी ,भट्ठा संचालकों के साथ बैठक में उपस्थित चिमनी, भट्ठा संचालक को संबोधित करते हुए कही। आगे उन्होंने कहा कि योजना का लाभ लेने के लिए पात्र संचालकों को निर्धारित एकमुश्त समाधानित राशि जमा करनी होगी।
इसके बाद नीलाम पत्र वाद के निपटारे की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। योजना का लाभ लेने की अवधि सितंबर से 20 दिसंबर 2026 तक निर्धारित की गई है। जिले में 2024 25 में जितने चिमनी, ईंट भट्ठा संचालक के यहां बकाया है करीब ईंट-भट्टे संचालित हैं। इनमें कई भट्ठों पर बकाया राशि जमा नहीं होने के कारण ब्याज जुड़ते-जुड़ते देनदारी काफी बढ़ गई है। योजना ऐसे संचालकों के लिए बकाया निपटाने का अवसर लेकर आई है। हालांकि, इसका लाभ उन्हीं ईंट भट्ठों को मिलेगा, जिनके स्वामित्व की राशि जमा नहीं करने के मामले में 31 अगस्त 2026 तक जिला खनन विकास पदाधिकारी द्वारा नीलाम पत्र वाद दायर किया जा चुका है। वन टाइम सेटलमेंट योजना के तहत पात्र ईंट-भट्ठा संचालकों को व्याज की राशि जमा नहीं करनी होगी। उन्हें निर्धारित एकमुश्त समाधानित राशि जमा करनी होगी।आगे उन्होंने कहा कि राशि जमा होने के बाद संबंधित पदाधिकारी नीलाम पत्र पदाधिकारी को प्रतिवेदन देंगे कि संबंधित देनदार पर अब कोई लोक मांग बकाया नहीं है। इसके आधार पर नीलाम पत्र वाद का निस्तारण किया जा सकेगा।
हालांकि, केवल एकमुश्त समाधानित राशि जमा करना ही पर्याप्त नहीं होगा। संचालकों को जिला खनिज
20 दिसंबर 2026 तक वन
टाइम सेटलमेंट योजना का मिलेगा लाम
बंद भट्टों को भी मिलेगा बकाया निपटाने का मौका
कई भट्टों पर बकाया राशि जमा नहीं होने के कारण ब्याज जुड़ते-जुड़ते देनदारी बढ़ी
जिले में संचालित ईंट-भट्ठा।
फाउंडेशन, आयकर तथा अन्य देव करों की राशि भी जमा करनी होगी। सभी आवश्यक औपचारिकताएं पूरी होने के बाद ही नीलाम पत्र वाद के निस्तारण की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।
जिले में कुछ ईंट-भट्ठे बंद पड़े हैं, लेकिन उन पर पुरानी बकाया राशि के साथ ब्याज जुड़ने से देनदारी बढ़ती गई है। ऐसे मामलों में भी पात्रता पूरी करने वाले संचालक योजना का लाभ लेकर बकाया का निपटारा करा सकेंगे। सरकार ने योजना का व्यापक प्रचार प्रसार कराने के साथ नीलाम पत्र और पदाधिकारियों के स्तर पर नियमित समीक्षा की जा रही है ।
जिला खनन कार्यालय में वन टाइम सेटलमेंट योजना के तहत पात्र ईंट-भट्टा संचालक लाभ ले सकते हैं। व्याज की राशि माफ की जाएगी और संचालकों को मूल बकाया राशि जमा करनी होगी।
Author: Sanjay Kumar Sahni











