बच्चों के बेहतर भविष्य और अच्छे समाज के निर्माण में शिक्षकों की भूमिका महत्वपूर्ण: जिला पदाधिकारी।

उत्कृष्ट कार्य करने वाले 58 शिक्षक-शिक्षिकाओं एवं वार्डेन हुए सम्मानित।

 

जिला पदधिकारी द्वारा प्रशस्ति पत्र, मोमेंटों एवं अंग वस्त्र किया गया प्रदान।

बेतिया:_शिक्षक दिवस के अवसर पर आज समाहरणालय सभागार में शिक्षा विभाग, पश्चिम चम्पारण द्वारा शिक्षक सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। समारोह में जिले के विभिन्न विद्यालयों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले शिक्षक-शिक्षिकाओं को प्रशस्ति पत्र, मोमेंटो एवं अंगवस्त्र प्रदान कर सम्मानित किया गया।

 

समारोह में जिला पदाधिकारी, श्री तरनजोत सिंह, अपर समाहर्ता, श्री राजीव रंजन सिन्हा, अपर समाहर्ता-सह-जिला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी, श्री अनिल कुमार सिन्हा, विशेष कार्य पदाधिकारी, जिला गोपनीय शाखा, श्री सुजीत कुमार, जिला शिक्षा पदाधिकारी, श्री राजन कुमार सहित शिक्षा विभाग के सभी डीपीओ एवं शिक्षक-शिक्षिकाएं उपस्थित थे।

इस अवसर पर प्राथमिक विद्यालयों के 22 शिक्षक, मध्य विद्यालयों के 9 शिक्षक, माध्यमिक विद्यालयों के 9 शिक्षक, उच्च माध्यमिक विद्यालयों के 13 शिक्षक-शिक्षिकाओं तथा 5 कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों की वार्डेन को सम्मानित किया गया।

 

समारोह को संबोधित करते हुए जिला पदाधिकारी, श्री तरनजोत सिंह ने सभी सम्मानित शिक्षक-शिक्षिकाओं को बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि शिक्षक केवल बच्चों को पाठ्यक्रम की शिक्षा ही नहीं देते, बल्कि उनके व्यक्तित्व, संस्कार, सोच और भविष्य को आकार देने का महत्वपूर्ण कार्य करते हैं। बच्चों के जीवन में शिक्षक की भूमिका अभिभावकों के बाद सबसे महत्वपूर्ण होती है।

 

उन्होंने कहा कि एक शिक्षक का प्रभाव केवल कक्षा तक सीमित नहीं रहता। शिक्षक द्वारा बच्चों में विकसित किए गए ज्ञान, अनुशासन, नैतिक मूल्यों और आत्मविश्वास का प्रभाव उनके पूरे जीवन पर पड़ता है। उन्होंने शिक्षकों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि बच्चों के भविष्य को बेहतर बनाने के साथ-साथ एक सशक्त, संवेदनशील और जिम्मेदार समाज के निर्माण में भी शिक्षकों की महत्वपूर्ण भूमिका है।

 

जिला पदाधिकारी ने सभी शिक्षकों से अपने दायित्वों का पूरी निष्ठा, समर्पण एवं संवेदनशीलता के साथ निर्वहन करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि विद्यालय में प्रत्येक बच्चे की क्षमता को पहचानते हुए उसे आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित करना आवश्यक है। विशेष रूप से कमजोर एवं वंचित वर्ग के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने की दिशा में शिक्षक महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।

 

उन्होंने कहा कि आज सम्मानित किए जा रहे शिक्षक अन्य शिक्षकों के लिए प्रेरणास्रोत हैं। इनके अच्छे कार्यों और नवाचारों को अन्य विद्यालयों में भी अपनाया जाना चाहिए, ताकि जिले में शिक्षा की गुणवत्ता को और बेहतर बनाया जा सके।

 

इस अवसर पर जिला पदाधिकारी सहित उपस्थित सभी वरीय पदाधिकारियों एवं शिक्षकों द्वारा प्रख्यात शिक्षाविद, महान दार्शनिक एवं भारत के पूर्व राष्ट्रपति, भारत रत्न डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन की जयंती के अवसर पर उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धापूर्वक नमन किया गया।

 

समारोह के दौरान सम्मानित शिक्षक-शिक्षिकाओं ने भी अपने अनुभव साझा किए तथा शिक्षा के क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों एवं चुनौतियों पर अपने विचार रखे। उन्होंने बच्चों को गुणवत्तापूर्ण एवं संस्कारयुक्त शिक्षा प्रदान करने तथा उनके उज्ज्वल भविष्य के निर्माण के लिए और बेहतर तरीके से कार्य करने का संकल्प व्यक्त किया।

Darpan 24 News
Author: Darpan 24 News


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