बिहार MLC शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र दरभंगा के संभावित निर्दलीय उम्मीदवार अरुण कुमार झा ने ठोका ताल लोकवार्ता के बैनर तले ‘बिहार बचाएगा लोकतंत्र’ का तीसरा कार्यक्रम आयोजित बिना नोटिस आयुष चिकित्सकों के क्लिनिको मे छापामारी कतई बर्दाश्त नहीं करेगा नीम संगठन-डा सुमित कुमार,जिला अध्यक्ष। आशा फैसलिटेटर संघ एटक की बैठक में उठा हक और सम्मान का मुद्दा, 30 दिन के भुगतान समेत कई मांगों पर जोर खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने के लिए बेहतर माहौल एवं सुविधाएं उपलब्ध कराना प्राथमिकता : जिला पदाधिकारी। 2674 विद्यालयों में गूंजा प्रकृति संरक्षण का संदेश, बच्चों ने बनाए पक्षियों के लिए घोंसले।

जुड़वा बच्चों के जन्म की खुशी कुछ ही मिनटों में चीख-पुकार में बदल गई।

बिहार के दरभंगा में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है! जहां जुड़वा बच्चों के जन्म की खुशी कुछ ही मिनटों में चीख-पुकार में बदल गई। मामला APM थाना क्षेत्र के आनंदपुर सहोड़ा पंचायत का है। मुनचुन कुमारी नाम की महिला को अचानक प्रसव पीड़ा हुई। परिजन अस्पताल ले जाने की तैयारी ही कर रहे थे कि उन्होंने घर पर ही एक बेटा और एक बेटी को जन्म दिया। लेकिन प्रसव के तुरंत बाद ही मां की सांसें थम गईं। इस दर्दनाक हादसे के बाद पीछे छूट गए हैं छह मासूम बच्चे! पिता रंजीत सहनी बेहद गरीब हैं और मजदूरी कर घर चलाते हैं। पहली पत्नी का निधन 2024 में हो चुका था, और अब मुनचुन कुमारी के जाने के बाद इन नवजात बच्चों समेत छह मासूमों की जिम्मेदारी अकेले पिता के कंधों पर आ गई है। स्थानीय मुखिया ने कबीर अंत्येष्टि योजना के तहत 3 हजार रुपये की मदद तो दी है, लेकिन कच्चे मकान में रहने वाले इस परिवार के सामने सबसे बड़ा सवाल इन मासूमों के पालन-पोषण और भविष्य का है।

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Author: Darpan 24 News


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