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सम्राट अशोक विजयदशमी “के पावन ऐतिहासिक उपलक्ष्य में 2287 वां धम्म दीक्षा समारोह बड़े ही धूमधाम से मनाया गया

 

“सम्राट अशोक विजयदशमी “के पावन ऐतिहासिक उपलक्ष में 2287 वां धम्म दीक्षा समारोह आज बड़े ही धूमधाम से मौर्य साम्राज्य का उद्गम स्थल,विश्व में दो अशोक स्तंभ वाला, एकमात्र स्थल पिपलीवान गणराज्य (ऐतिहासिक नाम )वर्तमान में पिपरिया ग्राम में मनाया गयाl दीक्षा समारोह की अध्यक्षता पंचशील बौद्ध विहार के संस्थापक माननीय रामदास बौद्ध ने की, मुख्य अतिथि माननीय ए. के. अंबेडकर, पूर्व डीजीपी एवं माननीय भतें एम के राजन झारखंड, बोकारो ने की lविशिष्ट अतिथि मा.भतें धम ज्योति नालंदा,मा.भंते चंदा श्री,थाईलैंड मा. एडवोकेट जय भीम अंबेडकर तथा नीलम बौद्ध,गीता बौद्ध दिल्ली,ममता बौद्ध तथा उषा बौद्ध रही lमुख्य अतिथि के रूप में माननीय ए.के अंबेडकर डी.जी.पी साहब ने अशोक विजयदशमी को तलवार पर करुणा एवं मैत्री की जीत बताइl माननीय भतें महेश के राजन ने सील समाधि प्रज्ञा को जीवन में अपनाने पर बल दिया तथा सभी दीक्षा लेने वाले धर्म प्रेमियों को धाम्म देशना तथा बौद्ध धमम की 22 प्रतिज्ञाओं की दीक्षा दीलाई

विशेष अतिथि के रूप में बोलते हुए उसा बौद्ध ने बाबा साहब को भारतीय महिलाओं के लिए मुक्तिदाता के रूप में इंगित कियाl जिसका परिणाम हुआ कि आज महिलाओं की सर्वोच्च पदों पर भागीदारी संभव हुईl मा. धम ज्योति ने मानव मानव एक समान एवं आपसी भाईचारे को बढ़ने पर बल दिया,दिल्ली से पधारी मा. Nilam baudh neसमाज को रूढ़िवादी परंपराओं से ऊपर उठकर शिक्षित होने पर बल दिया एवं समाज में अग्रणी भूमिका निभाने का आह्वान कियाl

विशिष्ट  अतिथि चंदा श्री थाईलैंड ने पंचशील के महत्व को समझाते हुए आम लोगों के लिए साधना का मार्ग बताया

ज्ञातव्य है की 2287 वर्ष पूर्व सम्राट अशोक ने कलिंग युद्ध (260 ईसा पूर्व) में भयानक रक्तपात को देखकर आश्विन शुक्ल दसवीं को भगवान तथागत सम्यक समबुद्ध की पावन शरण ग्रहण की थी तथा यह तिथि पूरे विश्व में अशोक विजयदशमी के नाम से जाने जाने लगी,विश्व विभूति बाबा साहब ने चक्रवर्ती सम्राट का अनुसरण करते हुए अशोक विजयदशमी के दिन ही दीक्षाभूमि नागपुर में 10 लाख अनुयायियों के सहित दीक्षा ग्रहण कर 22 प्रतिज्ञाओं को कराया यह जानकारी भारतीय बौद्ध महासभा की मुख्य संरक्षक विजय कश्यप ने प्रेस वार्ता में दी! कार्यक्रम को सफल बनाने में माननीय नंद किशोर चौधरी, डॉक्टर उपेंद्र कुशवाहा,सुरेंद्र राम, योगेंद्र पासवान,चंद्रिका बौद्ध, रविंद्र सिंह,नाथू रवि,गौरी शंकर राम,राम किशोर बैठा,सकलदेव राम,डॉक्टर शंभू राम, डॉक्टर ए के यादव,आशा चौधरी,भरत कुशवाहा,डॉक्टर अमित कवि, डॉक्टर एमके भारती,अशोक राम, जोगिंदर बैठा, संजीव राम,रमेश राम आदि की महत्वपूर्ण भूमिका रही दीक्षा समारोह में तकरीबन 10000 लोगों ने भागीदारी की सबको खिचड़ी का प्रसाद वितरित किया गया एवं हर्षोल्लास से समारोह संपन्न हुआl


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